भोरमदेव – छत्तीसगढ़ के खजुराहो

हमर देश में छत्तीसगढ़ के अलग पहिचान हे। इंहा के संस्कृति, रिती रिवाज, भाखा बोली, मंदिर देवाला, तीरथ धाम, नदियां नरवा, जंगल पहाड़ सबके अलगे पहिचान हे। हमर छत्तीसगढ़ में कोनों चीज के कमी नइहे। फेर एकर सही उपयोग करे के जरुरत Read More

भोलेनाथ के गुफा चैतुरगढ़़

गरमी के मउसम आते मन होथे चलव कहूं घूमे-फिरे, सैर-सपाटा बर। सुद्ध, सांत वातावरन अउ परदूसन मुक्त प्रकृति के तीर धर्मिक, ऐतिहासिक या सुघ्‍घर जगा म। आवव त आपमन ल परिवार समेत अइसने आनंदमयी, प्रकृति के धरोहर जगा म ले चलथन। फेर इहां Read More

पर्यटन : माण्डूक्य ऋषि के तपोभूमि ‘मदकू द्वीप’

शिवनाथ नदी के सुघ्‍घर धार ले घेराय बीचो-बीच लगभग आधा कि.मी. के दायरा म फइले मदकू द्वीप “श्री हरिहर क्षेत्र केदार मदकू द्वीप” के नाम से प्रसिद्ध हवय। पुरातात्वीय अवशेष अउ रमणीक पर्यटल स्थल ‘मदकू द्वीप’ के स्तर जमाव ले प्रागैतिहासिक कालीन Read More