बनिया साहेब – बाबू जागो, जागौ कुली किसान रे। छत्तिसगढ़ के माटी जागिस, जागौ उठो जवान रे॥ जागिस सहर भिलाई चिमनी, कोरबा कोइला माटी जागिस राजहरा के लोहा, बैलाडीला घाटी गोंदरी अऊ गंगरेल जागगै जागिस कुघरी रेता नरवा जागिस, नंदिया जागिस, जागौ जनता नेता लइका जागौ, बुढ़ुवा जागौ जागौ सबो किसान रे। छत्तीसगढ़ के माटी जागिस जागौ उठो जवान रे॥ केरल आन्ध्र बिहार उडीसा, एक पेट के भाई अपन अपन बाँटा मां बइठे, बाँट बाँट के खाई जे माटी में नाल गडे हे जेखर धूर खा नहायेन ओ माटी के…
Read More